Kanpur News: कानपुर में CM योगी का अखिलेश यादव पर हमला, घुसपैठियों और SIR को लेकर सियासी घमासान -

Kanpur News: उत्तर प्रदेश की सियासत में घुसपैठियों और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और समाजवादी पार्टी (सपा) के बीच बयानबाजी तेज हो गई है। कानपुर नगर में 411 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधा। मुख्यमंत्री ने बांग्लादेशी और पाकिस्तानी घुसपैठियों का मुद्दा उठाते हुए सपा पर गंभीर आरोप लगाए। वहीं, सपा प्रवक्ता आजम खान ने मुख्यमंत्री के बयान पर पलटवार करते हुए आरोपों के समर्थन में आंकड़े सार्वजनिक करने की मांग की।
कानपुर में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अखिलेश यादव पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, “मैं पूछना चाहता हूं, अखिलेश जी से, बांग्लादेशी घुसपैठियों से इतना आपको प्यार क्यों है!”
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पाकिस्तानी घुसपैठिए गरीबों के अधिकारों को प्रभावित कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि SIR के दौरान समाजवादी पार्टी ने ऐसे लोगों के नाम मतदाता सूची में शामिल करवाए।
सीएम योगी ने घुसपैठियों के राशन कार्ड बनाए जाने और गरीबों के हिस्से का राशन उन्हें दिए जाने का भी आरोप लगाया। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में कार्यक्रम के दौरान कोई विशिष्ट आंकड़ा या प्रमाण उपलब्ध नहीं कराया गया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR का जिक्र करते हुए समाजवादी पार्टी की भूमिका पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि इस प्रक्रिया में ऐसे लोगों के नाम शामिल कराने का प्रयास किया गया, जिन्हें वह घुसपैठिया बता रहे थे।
SIR का उद्देश्य मतदाता सूची की जांच और अद्यतन करना है। इस मुद्दे पर राजनीतिक दलों के बीच मतदाता सूची की शुद्धता, पात्र मतदाताओं के अधिकार और संदिग्ध प्रविष्टियों को लेकर बहस चल रही है।
मुख्यमंत्री के आरोपों पर सपा की ओर से जवाब दिया गया है। हालांकि, घुसपैठियों की पहचान और मतदाता सूची में उनके नाम शामिल होने के दावों की स्वतंत्र पुष्टि के लिए आधिकारिक आंकड़ों की आवश्यकता है।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने अपने संबोधन में वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश की स्थिति का भी जिक्र किया। उन्होंने उस दौर में गरीबों की समस्याओं, किसानों की आत्महत्या और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर विपक्ष पर निशाना साधा।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि उस समय विदेशी घुसपैठिए मनमाने तरीके से कब्जा कर लेते थे। उन्होंने इन मुद्दों के जरिए समाजवादी पार्टी की नीतियों पर सवाल उठाए।
ये आरोप मुख्यमंत्री के राजनीतिक संबोधन का हिस्सा थे। इन पर प्रतिक्रिया देते हुए समाजवादी पार्टी ने सरकार की प्राथमिकताओं और उपलब्धियों को लेकर सवाल खड़े किए।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयान पर समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता आजम खान ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री एक संवैधानिक पद पर हैं और उन्हें अपने दावों के समर्थन में आंकड़े प्रस्तुत करने चाहिए।
सपा प्रवक्ता ने सवाल उठाया कि उत्तर प्रदेश में SIR के दौरान कितने घुसपैठियों की पहचान हुई और कितने बांग्लादेशी नागरिक मिले। उन्होंने मुख्यमंत्री से इन आंकड़ों को सार्वजनिक करने की मांग की।
आजम खान ने आरोप लगाया कि चुनाव के समय इस तरह के बयान देकर सांप्रदायिक ध्रुवीकरण और नफरत फैलाने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को शिक्षा, स्वास्थ्य, विकास और कानून-व्यवस्था जैसे मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए।
सपा प्रवक्ता ने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि विकास के मुद्दों से ध्यान हटाने के लिए घुसपैठियों का विषय उठाया जा रहा है।
कानपुर नगर में आयोजित कार्यक्रम में 411 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया गया। इसी कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घुसपैठियों और SIR के मुद्दे पर समाजवादी पार्टी को घेरा।
कार्यक्रम के विकास संबंधी एजेंडे के साथ राजनीतिक बयानबाजी भी चर्चा का विषय बन गई। भाजपा जहां घुसपैठ और गरीबों के अधिकारों का मुद्दा उठा रही है, वहीं समाजवादी पार्टी आरोपों के समर्थन में आधिकारिक आंकड़े सामने लाने की मांग कर रही है।
SIR यानी Special Intensive Revision मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया है। इसका संबंध मतदाता सूची में पात्र मतदाताओं के नामों की जांच, गलत प्रविष्टियों के सुधार और निर्धारित नियमों के अनुसार सूची को अद्यतन करने से है।
इस प्रक्रिया को लेकर राजनीतिक बहस के बीच कुछ महत्वपूर्ण सवाल सामने आए हैं:
इन सवालों के जवाब आधिकारिक निर्वाचन संबंधी आंकड़ों और संबंधित अधिकारियों के बयानों से ही स्पष्ट हो सकेंगे।
स्रोत: Filmitics
