HOPE पहल से शिक्षा, रोजगार और कौशल विकास पर विस्तृत चर्चा शुरू हुई

युवाओं से सरकारी योजनाओं के केवल लाभार्थी बने रहने के बजाय नीति निर्माण में सक्रिय भागीदार बनने का आग्रह किया गया

फिरोजाबाद, सितंबर 2026: फिरोजाबाद के शिकोहाबाद में आराध्या गार्डन में हाउस ऑफ पॉलिटिकल एम्पावरमेंट (HOPE) द्वारा आयोजित 'युवा नीति संवाद - उत्तर प्रदेश (ग्रासरूट डिकोडिंग)' में 800 से अधिक युवाओं ने भाग लिया।

'चर्चा, विचार-विमर्श और विकास' विषय पर आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को नीति, विकास और लोकतांत्रिक भागीदारी पर चर्चा के केंद्र में लाना है। संवाद शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास, उद्यमिता, प्रौद्योगिकी, सामाजिक सुरक्षा और स्थानीय विकास सहित प्रमुख मुद्दों पर केंद्रित था, जिसमें प्रतिभागियों ने अपनी नीतिगत प्राथमिकताओं और जमीनी स्तर की चिंताओं पर चर्चा की।

लोकतंत्र में सक्रिय भागीदार के रूप में युवा

कार्यक्रम में HOPE के संस्थापक और दिल्ली विश्वविद्यालय के संकाय सदस्य डॉ. दिग्विजय सिंह, हंसराज कॉलेज, दिल्ली के संकाय सदस्य डॉ. प्रभांशु ओझा, आदर्श कृष्णा कॉलेज, शिकोहाबाद के पूर्व प्राचार्य प्रोफेसर मौकम सिंह, पालीवाल कॉलेज, शिकोहाबाद के संकाय सदस्य डॉ. एमपी सिंह, अधिवक्ता राहुल यादव और पर्यावरणविद् दीपक गौरी शामिल थे।

वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि युवाओं को केवल सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि नीति निर्धारण में भी उनकी सक्रिय भूमिका होनी चाहिए

विविध सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि के प्रतिभागियों को विभिन्न सरकारी नीतियों, योजनाओं और विकास कार्यक्रमों के बारे में जानकारी प्रदान की गई। चर्चा इन पहलों के प्रभाव और जमीनी स्तर पर उनके कार्यान्वयन में आने वाली चुनौतियों पर भी केंद्रित रही

आयोजकों ने कहा कि संवाद से निकले सुझावों को संबंधित नीति निर्धारण मंचों और सरकार तक पहुंचाया जाएगा