मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को भारत टैक्सी के पांच सारथियों को शेयर प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में सुमनदीप कौर, अमित कुमार अग्…

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को भारत टैक्सी के पांच सारथियों को शेयर प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया। सम्मानित होने वालों में सुमनदीप कौर, अमित कुमार अग्रवाल, अमरीश सोनकर, शशांक पांडेय और पंकज कुमार वर्मा शामिल रहे। इस दौरान मुख्यमंत्री ने मुख्यमंत्री कृषक समृद्धि योजना के लाभार्थियों को ऋण के चेक भी वितरित किए।योजना के तहत अनिल कुमार सिंह को छह लाख रुपये, अंकुश कुमार को पांच लाख रुपये, अवधेश कुमार को 4.50 लाख रुपये, बाबूलाल राजपूत को तीन लाख रुपये और संजय को दो लाख रुपये का ऋण प्रदान किया गया।

कार्यक्रम में राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) सहकारिता विभाग जेपीएस राठौर ने उत्तर प्रदेश राज्य भंडारण निगम के लाभांश के रूप में 2.69 करोड़ रुपये का चेक मुख्यमंत्री को सौंपा।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में भारत टैक्सी और तीन प्रमुख संस्थाओं के बीच एमओयू का आदान-प्रदान भी हुआ। भारत टैक्सी के सीईओ हिमांशु ने अडानी एयरपोर्ट लखनऊ के चीफ कमर्शियल ऑफिसर शिव मोहन सिंह, उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉरपोरेशन के प्रबंध निदेशक सुशील कुमार और यातायात एवं सड़क सुरक्षा, लखनऊ के डीआईजी अरविंद कुमार मौर्य के साथ एमओयू का आदान-प्रदान किया।उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कहा कि भारत टैक्सी युवाओं और वाहन चालकों के लिए रोजगार का नया अवसर उपलब्ध कराने वाली महत्वपूर्ण पहल है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में सहकारिता विभाग को नई दिशा मिली है और सहकारी बैंक अब लाभ की स्थिति में हैं, जिसका लाभ किसानों और आम लोगों को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि भारत टैक्सी में अपनी गाड़ी, अपना ड्राइवर और अपनी कमाई की व्यवस्था होगी, जिससे कमाई का पैसा स्थानीय स्तर पर परिवार और अर्थव्यवस्था में ही रहेगा। उन्होंने प्रदेशवासियों से भारत टैक्सी को सफल बनाने में सहयोग की अपील की।केंद्रीय सहकारिता एवं नागरिक उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल ने कहा कि लखनऊ के साथ गोरखपुर, वाराणसी, कानपुर और प्रयागराज में भी भारत टैक्सी की सेवा शुरू हो रही है। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम से प्रदेश के विभिन्न जिलों से करीब 50 हजार से अधिक लोग ऑनलाइन जुड़े। उनके मुताबिक, पिछले छह महीनों में भारत टैक्सी के जरिए 100 करोड़ रुपये से अधिक की राशि ड्राइवरों के खातों में पहुंच चुकी है।मोहोल ने बताया कि भारत टैक्सी वर्तमान में देश के करीब 15 शहरों में संचालित हो रही है। उत्तर प्रदेश के पांच शहरों के जुड़ने के साथ प्रदेश में करीब 40 हजार ड्राइवरों ने पंजीकरण कराया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में करीब 42 हजार सहकारी समितियां कार्यरत हैं और पैक्स के कंप्यूटरीकरण तथा ग्रामीण बैंकों के डिजिटलीकरण का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। उन्होंने भारत टैक्सी को सहकारिता आंदोलन को मोबिलिटी के क्षेत्र में नई गति देने वाली पहल बताया।