प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना में लखनऊ का जलवा, देशभर में मिला पहला स्थान, DM विशाख जी अय्यर राष्ट्रीय मंच पर सम्मानित -

प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के प्रभावी क्रियान्वयन में उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ ने राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धि हासिल की है। योजना को जमीन पर उतारने और इसके लाभ को लोगों तक पहुंचाने के मामले में लखनऊ को देशभर में पहला स्थान मिला है। इस उपलब्धि के साथ ही लखनऊ ने न केवल राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है, बल्कि नवीकरणीय ऊर्जा और सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों को भी नई पहचान दिलाई है। इस उपलब्धि के लिए जिलाधिकारी विशाख जी अय्यर को राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया गया है।नई दिल्ली के प्रतिष्ठित भारत मंडपम में आयोजित भारत रिन्यूएबल एनर्जी समिट एवं एक्सपो-2026 के दौरान यह सम्मान प्रदान किया गया। केंद्रीय राज्य मंत्री श्रीपाद येसो नाइक ने जिलाधिकारी विशाख जी अय्यर को पुरस्कार देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा भी मौजूद रहे।
राष्ट्रीय स्तर के इस मंच पर लखनऊ को मिला सम्मान जिले में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के क्रियान्वयन की दिशा में किए गए प्रयासों को रेखांकित करता है।दरअसल, प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना केंद्र सरकार की एक महत्वाकांक्षी योजना है, जिसका उद्देश्य देश के घरों को सौर ऊर्जा से जोड़ना और आम उपभोक्ताओं को बिजली के खर्च से राहत दिलाना है। इस योजना के अंतर्गत पात्र परिवारों के घरों की छतों पर रूफटॉप सोलर पैनल लगाए जाते हैं, जिससे वे स्वयं बिजली का उत्पादन कर सकें। इससे एक ओर जहां पारंपरिक बिजली पर निर्भरता कम करने में मदद मिलती है, वहीं दूसरी ओर स्वच्छ और हरित ऊर्जा को बढ़ावा मिलता है।योजना का व्यापक उद्देश्य केवल सोलर पैनल लगवाना ही नहीं, बल्कि आम नागरिकों को ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों से जोड़ना भी है।
सौर ऊर्जा के इस्तेमाल से बिजली बिल में कमी, पर्यावरण संरक्षण और कार्बन उत्सर्जन को कम करने जैसे कई महत्वपूर्ण लाभ जुड़े हुए हैं। ऐसे में योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला प्रशासन, बिजली विभाग और संबंधित एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय बेहद अहम हो जाता है।लखनऊ को देश में पहला स्थान मिलना इस बात को दर्शाता है कि जिले में योजना के क्रियान्वयन को लेकर प्रशासनिक स्तर पर प्रयास किए गए। लाभार्थियों तक योजना की जानकारी पहुंचाने, लोगों को सौर ऊर्जा अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने और योजना से जुड़ी प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाने में प्रशासन की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। हालांकि इस राष्ट्रीय उपलब्धि के पीछे योजना से जुड़े अधिकारियों, कर्मचारियों, ऊर्जा विभाग और अन्य संबंधित इकाइयों का सामूहिक योगदान भी अहम माना जा रहा है।
इस सम्मान के साथ जिलाधिकारी विशाख जी अय्यर को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है। वहीं लखनऊ के लिए भी यह उपलब्धि इसलिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि राजधानी को अब प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के क्रियान्वयन में देशभर में प्रथम स्थान हासिल करने वाले जिले के रूप में पहचान मिली है। यह सम्मान जिले में प्रशासनिक प्रयासों के साथ-साथ स्वच्छ ऊर्जा के प्रति बढ़ती जागरूकता को भी रेखांकित करता है।बदलते दौर में ऊर्जा की मांग लगातार बढ़ रही है। ऐसे में पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों के साथ सौर ऊर्जा जैसे नवीकरणीय विकल्पों को अपनाना समय की जरूरत बनता जा रहा है। प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो आम परिवारों को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के साथ पर्यावरण संरक्षण के लक्ष्य को भी आगे बढ़ाती है।लखनऊ को मिला यह राष्ट्रीय सम्मान शहर के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। अब चुनौती इस उपलब्धि को आगे बढ़ाते हुए अधिक से अधिक पात्र परिवारों को योजना से जोड़ने, रूफटॉप सोलर सिस्टम के प्रति लोगों का भरोसा मजबूत करने और सौर ऊर्जा के उपयोग का दायरा बढ़ाने की होगी। राष्ट्रीय स्तर पर मिला यह सम्मान लखनऊ के लिए नई जिम्मेदारी और आगे बेहतर प्रदर्शन करने की प्रेरणा भी है।
स्रोत: Filmitics
