गोरखपुर। उत्तर प्रदेश में प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (PET) को देखते हुए परिवहन निगम ने अभ्यर्थियों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार करने की…

गोरखपुर। उत्तर प्रदेश में प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (PET) को देखते हुए परिवहन निगम ने अभ्यर्थियों की आवाजाही को सुगम बनाने के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार करने की प्रक्रिया तेज कर दी है। परीक्षा के दौरान यात्रियों की बढ़ती संख्या को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त बसों की व्यवस्था, प्रमुख मार्गों पर विशेष संचालन और बस स्टेशनों पर भीड़ नियंत्रण की तैयारी की जा रही है

गोरखपुर में PET परीक्षा के लिए करीब 1.40 लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने का अनुमान है। इनमें स्थानीय परीक्षार्थियों के साथ दूसरे जिलों से आने वाले अभ्यर्थी भी शामिल हैं। वहीं, गोरखपुर से लगभग 90 हजार परीक्षार्थियों के अन्य जिलों में परीक्षा देने जाने की संभावना जताई गई है। इतनी बड़ी संख्या में यात्रियों की आवाजाही को देखते हुए परिवहन निगम बसों की उपलब्धता और संचालन व्यवस्था पर विशेष ध्यान दे रहा है

परिवहन निगम की योजना के अनुसार, गाजीपुर और बलिया के मार्गों पर लगभग 150 बसें लगाने की तैयारी है। वहीं, वाराणसी रूट पर करीब 100 बसों की व्यवस्था प्रस्तावित है। अधिकारियों के मुताबिक, इन मार्गों पर अभ्यर्थियों की संभावित संख्या को देखते हुए बसों के अतिरिक्त फेरों की व्यवस्था भी की जा सकती है। अन्य जिलों से आने-जाने वाले परीक्षार्थियों की जरूरत के अनुसार भी परिवहन व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा

गोरखपुर से दूसरे जिलों में परीक्षा देने जाने वाली महिला अभ्यर्थियों के लिए भी विशेष व्यवस्था की योजना बनाई जा रही है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, बड़ी संख्या में महिला परीक्षार्थियों के परीक्षा केंद्र देवरिया और महाराजगंज में निर्धारित किए गए हैं। ऐसे में गोरखपुर और देवरिया डिपो की बसों का जरूरत के अनुसार उपयोग किया जा सकता है। परिवहन निगम का प्रयास है कि महिला अभ्यर्थियों और उनके साथ यात्रा करने वाले परिजनों को समय पर बसें उपलब्ध हों

परीक्षा केंद्रों पर समय से पहुंचना अभ्यर्थियों के लिए बेहद जरूरी है। इसे ध्यान में रखते हुए परिवहन निगम सुबह 5 बजे से बसों का संचालन शुरू करने की तैयारी कर रहा है। कचहरी बस स्टेशन से गाजीपुर, वाराणसी और जौनपुर की ओर जाने वाली बसों का संचालन करने की योजना है, जबकि अन्य लंबी दूरी के मार्गों के लिए रेलवे बस स्टेशन का उपयोग किया जाएगा

परीक्षा के दिनों में बस स्टेशनों पर यात्रियों की भीड़ बढ़ने की आशंका है। इसे देखते हुए परिवहन निगम विशेष टीम गठित करने और पुलिस प्रशासन से सहयोग लेने की तैयारी कर रहा है। इसके साथ ही बस स्टेशनों पर पेयजल, साफ-सफाई और यात्रियों की सुविधा से जुड़ी व्यवस्थाओं पर भी ध्यान दिया जाएगा

परिवहन निगम की योजना है कि जरूरत के अनुसार दूसरे डिपो से बसें लेकर प्रमुख मार्गों पर उपलब्धता बढ़ाई जाए। अतिरिक्त बसों और फेरों के माध्यम से अभ्यर्थियों को परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने और परीक्षा के बाद वापस लौटने में सुविधा देने का प्रयास किया जाएगा। हालांकि, इन तैयारियों की वास्तविक सफलता परीक्षा के दिनों में बसों की उपलब्धता, समयबद्ध संचालन और भीड़ प्रबंधन पर निर्भर करेगी। अब देखना होगा कि परिवहन निगम की यह कार्ययोजना अभ्यर्थियों की यात्रा को कितना आसान बना पाती है