पर्यटन ही नहीं, भारतीय संस्कृति में तीर्थयात्रा का भी है विशेष महत्व: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जहां अन्य देशों में स्थानों को मुख्य रूप से पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाता है, वहीं भारत तीर्थस्थलों के महत्व को पहचानते हुए धार्मिक स्थलों के समग्र विकास पर विशेष जोर देता है। यह भारतीय संस्कृति की एक अनूठी विशेषता है, क्योंकि इन पवित्र स्थानों पर जाने से आध्यात्मिक पवित्रता और भक्ति की भावना जागृत होती है। चित्रकूट क्षेत्र का विकास भी इसी दृष्टि से किया जा रहा है। उज्जैन के महाकाल लोक की तर्ज पर ओरछा में राम राज लोक का विकास किया जाएगा, जबकि चित्रकूट में भव्य वनवासी राम लोक की स्थापना की जाएगी
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीपावली के अवसर पर भगवान श्रीराम के वनवास काल से जुड़ी पवित्र भूमि सतना जिले के चित्रकूट का दौरा किया और पवित्र मंदाकिनी नदी में दीपदान किया। उन्होंने मध्य प्रदेश और देश की जनता की सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मां मंदाकिनी की पूजा-अर्चना भी की और चित्रकूट धाम के संतों को शॉल, नारियल और अंगवस्त्रम भेंट कर सम्मानित किया।
-चित्रकूट धाम से गुप्त गोदावरी तक फोरलेन सड़क का भूमि पूजन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने चित्रकोट धाम से गुप्त गोदावरी तक 81.17 करोड़ लागत की फोरलेन सड़क निर्माण का भूमि पूजन कर शुभारंभ किया। उन्होंने कहा कि यह सड़क तीर्थयात्रियों और पर्यटकों के लिए यात्रा को और अधिक सुविधाजनक बनाएगी। इस मौके पर उन्होंने बच्चों को दिवाली उपहार भी बांटे। समारोह के बाद मुख्यमंत्री ने मेला क्षेत्र में श्रद्धालुओं के आवागमन की सुविधा के लिए बनाये गये पीपे के पुल का निरीक्षण किया
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज रूप चौदस का शुभ अवसर है और सभी लोग हर्ष और उल्लास के साथ दिवाली मना रहे हैं। हमारे त्यौहार भारत के सांस्कृतिक राष्ट्रवाद की अभिव्यक्ति हैं। मध्य प्रदेश सरकार चित्रकूट सहित राज्य भर के विभिन्न धार्मिक और आध्यात्मिक स्थलों के व्यापक विकास के लिए प्रतिबद्ध है। उज्जैन में महाकाल लोक, ओरछा में रामराजा लोक और चित्रकूट में भव्य वनवासी रामलोक की तर्ज पर विकसित किया जाएगा
भगवान श्री राम ने अपने वनवास के 11 वर्ष से अधिक समय चित्रकूट में बिताया, जिससे यह उनकी तपस्या से जुड़ी एक पवित्र भूमि बन गई। भगवान श्री कृष्ण ने मध्य प्रदेश के उज्जैन में अपने गुरु से ज्ञान प्राप्त किया था। इसी प्रकार, जगद्गुरु शंकराचार्य ने ओंकारेश्वर में अपने गुरु से मुलाकात की और आध्यात्मिक ज्ञान प्राप्त किया। इस प्रकार, मध्य प्रदेश प्राचीन भारतीय इतिहास की कई महत्वपूर्ण घटनाओं और शानदार व्यक्तित्वों से जुड़ी शिक्षा और कार्रवाई की भूमि रही है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीपावली के शुभ अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं
मुख्यमंत्री ने भगवान कामतानाथ की पूजा-अर्चना की
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीपावली के अवसर पर चित्रकूट धाम में आयोजित पांच दिवसीय दीपोत्सव मेले में भाग लिया और मंदाकिनी नदी के तट पर पंचवटी घाट पर दीपदान किया। दिवाली के दौरान लाखों श्रद्धालु चित्रकूट में दीपदान समारोह में भाग ले रहे हैं। मुख्यमंत्री ने भगवान कामतानाथ मंदिर में जाकर पूजा-अर्चना की। उन्होंने श्रद्धालुओं के बीच मिठाइयां बांटीं और त्योहार की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने सड़क किनारे मिट्टी के दीये बेच रहे बच्चों से भी गर्मजोशी से बातचीत की और उनसे दीये खरीदे। अपने दौरे के दौरान, उन्होंने श्रद्धालुओं को चिकित्सा सहायता और आपातकालीन स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के लिए मेला क्षेत्र में स्थापित स्वास्थ्य शिविर का निरीक्षण किया
मुख्यमंत्री ने सड़क किनारे लगे स्टॉल पर चाय का आनंद लिया
स्रोत: Maverick News30
